Pm modi ne kiya kmp express way ka udghatan

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किया केएमपी एक्सप्रेस-वे का उद्घाटन

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज गुरुग्राम में कुंडली-मानेसर-पलवल (केएमपी) एक्सप्रेस-वे का उद्घाटन किया। कुंडली-मानेसर-पलवल एक्सप्रेस-वे का निर्माण दिल्ली में प्रदूषण फैलाने वाले वाहनों का बोझ कम करने के उद्देश्य से किया गया है। इसे वेस्‍टर्न पेरीफेरल एक्‍सप्रेस वे भी कहा जा रहा है।


पीएम नरेंद्र मोदी ने कहा कि एक्‍सप्रेस वे के लिए बहुत-बहुत बधाई। इस प्रोजेक्‍ट के साथ जो भी हुआ है वो भ्रष्‍टाचार का उदाहरण है। पीएम मोदी ने कहा ‘लोग वही हैं, काम करने वाले वही हैं, लेकिन जब इच्छाशक्ति हो, संकल्पशक्ति हो, तो कोई भी लक्ष्य हासिल किया जा सकता है। यही वजह है कि जहां साल 2014 से पहले देश में एक दिन में सिर्फ 12 किलोमीटर हाईवे बनते थे, आज लगभग 27 किलोमीटर हाईवे का प्रतिदिन निर्माण हो रहा है।’


प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस दौरान कहा कि अटकाने, लटकाने और भटकाने की संस्‍कृति ने हरियाणा का विकास रोका। अगर इसे समय पर पूरा कर लिया गया होता तो दिल्‍ली के ट्रैफिक का यह हाल न होता। हरियाणा का बल्‍लभगढ़ भी अब मेट्रो के नक्‍शे पर आ रहा है। बल्‍लभगढ़ मेट्रो लिंक से समय और पैसे बचेंगे। पीएम मोदी ने कहा कि इस वेस्‍टर्न पेरीफेरल एक्‍सप्रेस वे के जरिये प्रदूषण से लड़ने में मदद मिलेगी। इससे प्रदूषण घटेगा। इस लिहाज से यह एक्‍सप्रेस वे अर्थव्‍यवस्‍था, पर्यावरण, पर्यटन और रहन-सहन में मदद देगा।

उन्‍होंने कहा ‘अभी कुंडली- मानेसर-पलवल एक्सप्रेस-वे को देश को समर्पित करने का मौका मिला है। इसका पहला चरण 2 साल पहले पूरा हो गया था। दूसरा चरण, जो कुंडली से मानेसर तक, 83 किलोमीटर लंबा है, उसका आज लोकार्पण किया गया है। इसके साथ ही अब 135 किमी का ये एक्सप्रेस वे पूरा हो गया है।’


पीएम नरेंद्र मोदी ने कहा कि आज का ये अवसर दो तस्वीरों को याद करने का भी है। एक तस्वीर वर्तमान की है। ये तस्वीर बीजेपी सरकारों की कार्यसंस्कृति की है, हमारे काम करने के तरीके की है। वहीं दूसरी तस्वीर हमें पहले की सरकार के समय में कैसे काम होता था, इसकी याद दिलाती है। वो तस्वीर याद दिलाती है कि इस एक्सप्रेस वे पर 12 साल से काम चल रहा था। वो तस्वीर याद दिलाती है कि ये एक्सप्रेसवे आपको 8-9 साल पहले ही मिल जाना चाहिए था। लेकिन ऐसा हुआ नहीं। पहले की सरकारों के जो तौर-तरीके थे, उसने इस एक्सप्रेसवे को पूरा होने में 12 साल लगा दिए।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि पहले की सरकार में जिस तरह काम हुआ, वो एक केस स्टडी है कि कैसे जनता के पैसे को बर्बाद किया जाता है। जब ये प्रोजेक्ट शुरू हुआ था, तो अनुमान लगाया गया था कि इस पर 1200 करोड़ रुपए खर्च होंगे। आज इतने वर्षों की देरी की वजह से इसकी लागत बढ़कर 3 गुना से ज्यादा हो गई। इस एक्सप्रेस-वे का इस्तेमाल कामनवेल्थ गेम्स में होना था। लेकिन कामनवेल्थ खेल का जो हश्र किया गया, वही कहानी इस एक्सप्रेस वे की भी है। मुझे ध्यान है कि जब प्रगति की बैठकों में मैंने इस प्रोजेक्ट की समीक्षा करनी शुरू की थी, तो कितने सारे पेंच पता चले थे।


कुंडली-मानेसर-पलवल एक्सप्रेस-वे के अलावा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सुल्तानपुर गांव में बल्लभगढ़ मेट्रो लिंक का भी उद्घाटन किया। उनके साथ हरियाणा के मुख्‍यमंत्री मनोहर लाल खट्टर भी थे। दोनों ने एस्‍कॉर्ट मुजेसर से बल्‍लभगढ़ के मेट्रो सेक्‍शन की शुरुआत मेट्रो को हरी झंडी दिखाकर की।

एक्सप्रेस वे परियोजना पर कुल 6,400 करोड़ रुपये खर्च किए गए हैं, जिसके लिए 2,788 करोड़ की लागत से 3,846 एकड़ जमीन का अधिग्रहण किया गया। इस एक्सप्रेस वे का निर्माण एस्सेल इंफ्रा ने रिकॉर्ड समय में पूरा किया है। इसका उद्घाटन तय डेडलाइन से करीब 4 महीने पहले ही हो रहा है।

इस एक्‍सप्रेस वे के जरिये लोग 90 मिनट में पलवल से कुंडली जा सकेंगे। इसके जरिये दिल्‍ली के बाहर के बहार होते हुए वाहनों को निकाला जा सकेगा। कहा जा रहा है कि इससे दिल्‍ली के प्रदूषण से लड़ने में मदद मिलेगी। वहीं बल्‍लभगढ़ मेट्रो स्‍टेशन से लोग मेट्रो के जरिये सीधे कश्‍मीरी गेट मेट्रो स्‍टेशन जा सकेंगे।

कुंडली से मानेसर तक एक्सप्रेस वे की लंबाई 83 किलोमीटर है। इस रास्ते में 14 बड़े-छोटे पुल, 56 अंडरपास, सात इंटरसेक्शन और सात टोल प्लाजा हैं। इसी तरह मानेसर से पलवल तक के एक्सप्रेस वे की लंबाई 52 किलोमीटर से ज्यादा है और इसमें 32 अंडरपास, तीन इंटरसेक्शन और चार टोल प्लाजा हैं।

mridul kesharwani
By mridul kesharwani , November 19, 2018
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